Chandrashekhar Azad: हाल ही में भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद को लेकर खबर सामने आई है, जिन्होंने तमाम अटकलो के बाद दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन में छात्रो को समर्थन देने के लिए वहां का दौरा किया। जिसका एक विडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है।
आजाद ने जंतर-मंतर पर आने का वादा किया
दरअसल, परीक्षा प्रणाली में कथित गड़बड़ियों और NEET पेपर लीक मामले को लेकर शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग कर रहे पर्यावरणविद और शिक्षा सुधार के पक्षधर सोनम वांगचुक की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल लगातार जारी है। रविवार को उनका अनशन 18वें दिन में प्रवेश कर गया। इस बीच आंदोलन को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में बहस तेज हो गई है।
‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने केंद्र सरकार की चुप्पी पर तीखा सवाल उठाते हुए कहा कि जिस व्यक्ति ने छात्रों को न्याय दिलाने के लिए अपनी जान दांव पर लगा दी, उसे सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस जवाब नहीं मिला। वही इस घटना को लेकर वो CJP फाउंडर अभीजीत दीपके (Abhijeet Dipke) ने नगीना सांसद आजाद (Nagina MP Azad) से उनके आवास पर जाकर मुलाकात की औऱ उन्हें आने का न्यौता दिया, जिसके बाद आजाद ने जंतर-मंतर पर आने का वादा किया।
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समर्थन करने जंतर मंतर पर चंद्रशेखर आजाद
करीब शाम को 4 बजे वो दिल्ली के जंतर मंतर पह पहुंचे, इसल दौरान भारी संख्या में उनके समर्थक भी पहुंचे, जिसने इस आंदोलन में एक जान डाल दी। बता दें कि आजाद ने कुछ दिन पहले ही आंदोलन कर रहे छात्रो के लिए कहा था कि उन्होंने तो केवल सच्चे मन से न्याय के लिए आंदोलन शुरु किया, लेकिन उन्हें ये नही पता था कि सरकार उनके आगे झुकेगी या नहीं.. क्योंकि वो अभी इन दाव पेंचो से अंजान है।
पीएम से किये सवाल
करीब 15 दिनो से शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करने वाले छात्रों की मांगो को लेकर अभी तक सरकार की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है, ऐसे में ये देखना होगा कि आजाद के जंतर मंतर पहुंचने के बाद इस आंदोलन में क्या क्रांति आती है और क्या सरकार अब नींद से जागेगी या नहीं। वही अभीजीत ने दीपके ने अपनी पोस्ट में केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री से सीधे कई सवाल किए। उन्होंने पूछा कि प्रधानमंत्री इस मुद्दे पर बातचीत करने से क्यों बच रहे हैं। साथ ही सवाल उठाया कि शिक्षा मंत्री से अब तक जवाबदेही क्यों तय नहीं की गई।
इतना ही नहीं उन्होंने ये भी कॉकरोच जनता पार्टी ने आंदोलन को अगले चरण में ले जाने का फैसला किया है। संगठन ने 20 जुलाई को संसद मार्च का ऐलान किया है। आयोजकों का कहना है कि यदि सरकार अब भी कोई ठोस कदम नहीं उठाती है, तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।



