UP Crime: हाल ही में उत्तर प्रदेश के फरीदपुर से एक चौंकाने वाली और परेशान करने वाली घटना सामने आई है, जहां एक दलित आदमी को दूसरा धर्म अपनाने के लिए मजबूर किया जा रहा है, वही जब उसने ऐसा करने से मना किया तो उसे बुरी तरह पीटा और जान से मारने की धमकी दे डाली।
दलित को जबरन इस्लाम अपनाने के लिए किया मजबूर
कई बार देश के अलग-अलग हिस्सों से ऐसे मामले और शिकायतें सामने आई हैं जिनमें आरोप लगाया गया है कि जब ताकतवर या प्रभावशाली लोग अपनी पहचान छिपाकर दलित समुदाय के लोगों को रिश्वत देते हैं, तो उन्हें इस्लाम कबूल करने के लिए मजबूर किया जाता है, इतना ही नहीं अगर वो ऐसा नहीं करते है तो उन्हें डराया जाता है या मजबूर किया जाता है। ऐसा ही एक मामला उत्तर प्रदेश से है…वैसे तो यूपी में धर्म परिवर्तन का खेल खोलने के लिए तमाम कानून व्यवस्था मजबूत करने के दावे किए जाते रहे है, लेकिन ये मामला पुलिस की नाकामी का जीता जागता उदाहरण है। दरअसल ये मामला फरीदपुर के फर्रखपुर का है, जहां दलित जाति से आने वाले युवक रवि सागर ने पुलिस को तहरीर दी कि वो टीवीएस बाइक एजेंसी में काम करता है।
दलित युवक को बरगलाने की कोशिश
वहीं पर तौफ़ीक़ नाम का शख्स भी काम करता था। काम के दौरान दोनों की अच्छी दोस्ती हो गई थी, और तौफ़ीक का उनके घर आना जाना होने लगा था। लेकिन 6 महीने पहले तौफीक जानबूझ कर अपने धर्म को लेकर बड़ी बड़ी बातें करने लगा। लेकिन जब रवि ने उसकी बातों में दिलचस्पी नहीं दिखाई तो तौफीक ने उसे बरगलाने के लिए इस्लाम में उसे सम्मान की जिंदगी दिलाने, और सारी सिख सुविधाएं दिलाने का वादा कर धर्म बदलने को कहा, लेकिन रवि तब भी नहीं माना तो तौफीक ने उस जातिसूचक गालियां देना शुरू कर दिया।
तौफीक ने रवि को बुरी तरह से पीटा
इतना ही नहीं 12 जुलाई को तौफीक के पूरे परिवार ने इसे धर्म बदलने के लिए दवाब दिया मगर वो नहीं माना जिसके बाद 13 जुलाई को तौफीक और उसके पिता ने आकर रवि को बुरी तरह से पीटा। हैरानी की बात है कि रवि पहले स्थानीय थाने में गया लेकिन वहां उसकी रिपोर्ट लिखने के बजाय उसे डांट कर भगा दिया गया। रवि ने जिसके बाद ssp से मदद की गुहार लगाई तो करीब एक महीने बाद उसकी रिपोर्ट दर्ज की गई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है वहीं आरोपियों की भी तलाश जारी है। अब देखना ये होगा कि रवि उन लोगों का पहला शिकार था या ये खेल लंबे समय से चल रहा था।



