Kerala: नीतिन राज आत्महत्या केस में केरल हाईकोर्ट सख्त, पुलिस की लापरवाही पर सरकार से तीखे सवाल

Kerala High court news, Caste Discrimination with Dalits
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Kerala: हाल ही में केरल (Kerala) के कन्नूर (Kannur) से नीतिन राज सुसाइड केस को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई  है, जहां डेंटल कॉलेज में पढ़ने वाले छात्र नीतिन राज की आत्महत्या के बाद कोर्ट में सुनावई शुरु हो चुकी है..और जितना ये मामला गर्म हुआ था, हाईकोर्ट का रवैया भी उतना ही गर्म नजर आ रहा है।

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डेंटल कॉलेज छात्र की मौत मामले में हाई कोर्ट सख्त

आज भी, कई दलित स्टूडेंट्स बड़े संस्थानों में भेदभाव का सामना करते हैं और यह स्थिति उनमें से कुछ को आत्महत्या करने के लिए मजबूर कर देती है। ऐसा ही एक मामला केरल के कुन्नूर में काफी गरमाया था। अब उसी मामले को लेकर बड़ी खबर सामने आई है दरअसल,  नितिन राज़ आत्महत्या का मामला केरल के कन्नूर में अंजारकंडी डेंटल कॉलेज के पहले साल के दलित BDS छात्र आर. एल. नितिन राज़ की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से जुड़ा है। केरल हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट, दोनों ने ही इस मामले में पुलिस की सुस्त जांच और कॉलेज प्रशासन के रवैये पर कड़ी टिप्पणी की है।

कोर्ट ने राज्य सरकार को घेरा

इतना ही नहीं इस मामले में मुख्य आरोपी डॉ. एम. कोडंडा राम की अग्रिम जमानत पहले ही खारिज की जा चुकी है वहीं कोर्ट ने राज्य सरकार को भी घेर लिया है। कोर्ट ने इस मामले में डॉ. एम. कोडंडा राम को गिरफ्तार करके बिना ठीक से जांच किये ही रिहा कर देने वाले पुलिस कर्मी को अब तक निलंबित न किये जाने को लेकर सरकार से तीखे सवाल पूछे। जस्टिस ए बदरुद्दीन ने सीधे तौर पर पूछा कि इस मामले में पुलिस कर्मी की गंभीर चूक और लापरवाही भरा रवैया साफ नजर आ रहा है फिर अब तक उसके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई।

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लापरवाही करने वालों को होगी सजा

बता दें कि 10 अप्रैल 2026 को जातिगत उत्पीड़न से तंग आकर नीतिन राज ने कॉलेज की तीसरी मंजिल से छलांग लगा कर खुदकुशी कर ली थी.. लेकिन पुलिस ने मुख्य आरोपी के खिलाफ जरूरी साक्ष्य नहीं जमा कराये जिससे उसे निचली अदालत को छोड़ना पड़ा था, लेकिन मृतक के माता पिता की याचिका पर सीबीआई जाँच शुरु हुई और मुख्य आरोपी जेल में है। केरल हाई कोर्ट का रवैया साफ है कि जो जाति के नाम पर उत्पीड़न करेगा.. और उस मामले में लापरवाही करने वालों को बख्शा नहीं जायेगा।

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