Pudukkottai latest news: हाल ही में, तमिलनाडु के पुदुकोट्टई ज़िले से एक बेहद शर्मनाक घटना सामने आई है, जिसने मानवता को कलंकित कर दिया है। जहाँ मनुवादी विचारधारा के समर्थक के लोगो ने दलितों के पीने के पानी में मानव मल मिला दिया। इस घटना के बाद, दलित परिवारों ने चुनावों का बहिष्कार करने की घोषणा की है।
दलितों की पानी की टंकी में मिलाया मल
बीते दिन जब तमिलनाडु में हर कोई विधानसभा चुनावों में अपना वोट डाल रहा था, तब एक ऐसा गाँव भी था जहाँ के निवासियों ने चुनाव का बहिष्कार किया। जी हाँ, तमिलनाडु के पुदुक्कोट्टई जिले (Pudukkottai district) से खबर है, जहां पीने के पानी की टंकी में की गई छेड़छाड़ को करीब 4 साल हो गए है लेकिन अभी तक आरोपी का कोई पता नहीं है। जिससे नाराज दलित समुदाय ने चुनावों में वोटिंग का बहिष्कार किया है। दरअसल, ये घटना पुदुक्कोट्टई जिले (Pudukkottai district) के वेंगाइवयाल (Vengaivayal) का है, दलित परिवारो से चुनाव बहिष्कार करने का कारण पूछा गया तो आपको भी हैरान रह जायेंगे।
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आरोपी आज भी आज़ाद घूम रहे
मीडिया रिपोर्ट्स से मिली जानकारी ने मुताबिक दलित परिवारों ने बताया कि दिसंबर 2022 में किसी ने जातिगत भेदभाव और बैर के कारण उनके पीने के पानी की टंकी में मल डाल दिया था। दलित समुदाय ने इसका विरोध किया था, तब इस मामले की जांच CBCID कर रही थी, लेकिन 4 साल बीत चुके है मगर अभी तक इस घटना के पीछे कौन आरोपी था उसका कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। उनका तर्क है कि इसके विपरीत, जिन लोगों ने सबसे अधिक कष्ट सहे हैं, वे बेवजह बेबुनियाद संदेह के घेरे में आ गए हैं। जिनकी कोई गलती भी नहीं थी।
जिससे गांव वाले काफी नाराज है और उन्होंने गांव में काले झंडे (Black Flags) लगा कर चुनाव का बहिष्कार कर दिया है। वहीं पुलिस भी असली गुनाहगार को पकड़ने के बजाय दलितो को ही तंग कर रही है। हालांकि अधिकारियों ने मतदाताओं को बहुत समझाने की कोशिश की लेकिन वो अपनी जिद पर अड़े रहे.. और न्याय की मांग कर रहे है। आपको क्या लगता है कि क्या चुनाव बहिष्कार करने से सरकार तक दलित ग्रामीणों की आवाज पहुंचेगी..और कब तक आरोपी पुलिस के शिकंजे में आयेगा।



