Kanpur crime news: उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक चौंकाने वाली रिपोर्ट सामने आई है, जो इंसानियत को शर्मसार करती है। जब एक युवा दलित युवक और उसके पिता ने पास के एक हैंडपंप से पानी पीकर अपनी प्यास बुझाई, तो जातिवादी मानसिकता रखने वाले कुछ लोगों को यह बात बेहद नागवार गुज़री। उन्होंने पहले उस दलित पिता और बेटे पर जातिसूचक गालियों की बौछार कर दी; और जब इससे भी उनका मन नहीं भरा , तो उन्होंने उन पर शारीरिक हमला कर दिया और सारी हदे ही पार कर डाली।
पानी पीने पर दलित बाप-बेटे को पीटा
हाल ही में उत्तर प्रदेश के कानपुर से सामने आई यह घटना वास्तव में बेहद विचलित करने वाली और अमानवीय है। बर्बरता की इस हरकत को लेकर सोशल मीडिया और विभिन्न मीडिया मंचों पर भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। दरअसल, यह मामला उत्तर प्रदेश के कानपुर से है। यूपी सरकार दलितों के साथ होने वाले अपराधों में कमी के कितने भी दावे कर लें लेकिन आए दिन केवल उत्तर प्रदेश से दलितों के साथ होने वाली बर्बरता की खबरें किसी को भी झकझोर कर रख सकती है।
ताजा मामले कानपुर (Kanpur) के सच्चेंडी (Sachendi) के झखड़ा संभरपुर गांव (Jhakhada Sambharpur Village) से है जहां सार्वजनिक नल पर वहां रखे बाल्टी और लोटे से पानी पीने के बदले दलित बाप बेटे के साथ मानवता की सारी हदें पार कर दी गई। 4 जातिवादी आतंकियों ने पहले तो उन्हें बुरी तरह से पीटा, उसके बाद किशोर के कपड़े उतरवा कर मुर्गा बनवाया और फिर जूते पर थूक कर उसे जबरन चटवाया और उसी जूते में पानी भरकर जबरन किशोर कर पिलाया।
पुलिस ने 13 दिनों के बाद मामला दर्ज किया
हैरानी को बात है कि इस बर्बरता के होने के बाद भी पुलिस का रवैया इतना लचर था कि करीब 13 दिनों के बाद मामला दर्ज किया गया। ये घटना 2 मई को घटित हुई थी। पीड़ित पिता ने बताया कि उनका 16 साल का बेटा उनके साथ खेतों में काम करता है, लेकिन 2 मई को रात को करीब 9 बजे उसे प्यास लगी तो वो सार्वजनिक नल से पीने चला गया लेकिन वहां मौजूद संजय राजपूत, दीपक राजपूत और उसके दो साथियों ने पीड़ित पर धर्म भ्रष्ट करने का आरोप लगाया और उसके साथ मारपीट की।
सच्चेंडी थाना (Sachchendi police station) प्रभारी दीनानाथ मिश्रा ने बताया कि पीड़ित की मारपीट के कारण पसलिया टूट गई है साथ ही उसका हाथ भी टूटा है, और पुलिस को ऐसी घटना की तहरीर देर से मिली है। पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और तलाश शुरू कर दी है। फिलहाल चारों ने से कोई आरोपी गिरफ्तार नहीं हुआ है। अब देखना ये होगा कि क्या पुलिस वाकई में जांच कर रही है या केवल समय खींच रही है।



